विदेश में अच्छी नौकरी और बेहतर भविष्य का सपना लेकर सऊदी अरब पहुंचे गाजियाबाद के एक युवक की कहानी अब एक गंभीर चेतावनी बनकर सामने आई है। युवक का आरोप है कि उसने एजेंट को करीब 6 लाख रुपये देकर सऊदी अरब जाने की व्यवस्था कराई, लेकिन वहां पहुंचने पर उसे वादा की गई नौकरी नहीं मिली। इसके बजाय उसे कई परेशानियों का सामना करना पड़ा और अंततः जेल तक जाना पड़ा। भारत लौटने के बाद भी उसकी मुश्किलें कम नहीं हुईं। युवक का दावा है कि शिकायत करने पर उसे जान से मारने की धमकियां मिल रही हैं। फिलहाल मामले की शिकायत संबंधित अधिकारियों को दी गई है और पुलिस पूरे प्रकरण की जांच कर रही है। विदेश में नौकरी का सपना बना दुःस्वप्न पीड़ित युवक के अनुसार, उसे विदेश में आकर्षक वेतन वाली नौकरी का भरोसा दिलाया गया था। एजेंट ने विभिन्न शुल्क और दस्तावेजों के नाम पर उससे लगभग 6 लाख रुपये लिए। सभी औपचारिकताएं पूरी होने के बाद वह सऊदी अरब पहुंच गया। युवक का आरोप है कि वहां पहुंचने पर न तो उसे वादा की गई नौकरी मिली और न ही उचित रहने और खाने की व्यवस्था की गई। धीरे-धीरे हालात इतने खराब हो गए कि उसे कानूनी परेशानियों का सामना करना पड़ा। जेल पहुंचने का दावा पीड़ित का कहना है कि परिस्थितियां ऐसी बनीं कि उसे सऊदी अरब में जेल जाना पड़ा। उसने आरोप लगाया कि उसे पर्याप्त कानूनी सहायता भी नहीं मिल सकी। हालांकि, इस संबंध में संबंधित अधिकारियों द्वारा जांच की जा रही है और सभी तथ्यों की पुष्टि जांच के बाद ही होगी। कई दिनों की कठिनाइयों के बाद वह भारत लौटने में सफल हुआ। भारत लौटने के बाद भी नहीं मिली राहत गाजियाबाद लौटने के बाद युवक ने कथित तौर पर एजेंट और संबंधित लोगों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराने का प्रयास किया। उसका आरोप है कि शिकायत करने के बाद उसे लगातार फोन पर जान से मारने की धमकियां मिल रही हैं। पीड़ित ने पुलिस और प्रशासन से सुरक्षा तथा दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने शुरू की जांच पुलिस अधिकारियों के अनुसार, शिकायत मिलने के बाद मामले की जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि विदेश भेजने की प्रक्रिया किस एजेंसी या व्यक्ति के माध्यम से हुई और क्या किसी प्रकार की धोखाधड़ी या अवैध गतिविधि हुई है। यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं, तो संबंधित लोगों के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी। विदेश में नौकरी दिलाने वाले फर्जी एजेंटों से सावधान रहने की सलाह विशेषज्ञों का कहना है कि विदेश में नौकरी के नाम पर ठगी के मामले समय-समय पर सामने आते रहते हैं। कई लोग बेहतर रोजगार के लालच में बिना सत्यापन किए एजेंटों पर भरोसा कर लेते हैं। ऐसे मामलों से बचने के लिए केवल सरकार द्वारा अधिकृत भर्ती एजेंसियों के माध्यम से ही विदेश जाने की सलाह दी जाती है। किसी भी एजेंट को बड़ी रकम देने से पहले उसकी वैधता की जांच करना बेहद जरूरी है। क्या रखें सावधानियां? विदेश में नौकरी के लिए आवेदन करने वाले लोगों को कुछ महत्वपूर्ण बातों का ध्यान रखना चाहिए— भर्ती एजेंसी का लाइसेंस और पंजीकरण जांचें। नौकरी का ऑफर लेटर और अनुबंध ध्यान से पढ़ें। वीजा और कार्य परमिट की सत्यता की पुष्टि करें। भुगतान की रसीद और सभी दस्तावेज सुरक्षित रखें। किसी भी संदिग्ध मांग की तुरंत संबंधित विभाग को सूचना दें। प्रवासी भारतीयों के लिए सरकारी सहायता भारत सरकार और विदेश मंत्रालय विदेशों में फंसे भारतीय नागरिकों की सहायता के लिए विभिन्न तंत्र उपलब्ध कराते हैं। भारतीय दूतावास भी जरूरत पड़ने पर कानूनी और कांसुलर सहायता प्रदान करता है। विशेषज्ञों का कहना है कि किसी भी समस्या की स्थिति में तुरंत भारतीय दूतावास से संपर्क करना चाहिए। न्यायिक प्रक्रिया पर टिकी उम्मीद पीड़ित की शिकायत के आधार पर अब पुलिस जांच कर रही है। जांच पूरी होने के बाद यदि धोखाधड़ी या धमकी के आरोपों की पुष्टि होती है, तो संबंधित आरोपियों के खिलाफ कानून के तहत कार्रवाई की जाएगी। रिपोर्टर * श्रीमती शोभा भाटी Post navigation दिल्ली पुलिस की कार्रवाई के बाद मुजफ्फरनगर में हलचल, जांच एजेंसियां जुटीं कांवड़ मेला 2026: फर्जी नाम और ओवररेटिंग पर होटल-ढाबों पर होगी कार्रवाई, ऋषिकेश में मांस-मदिरा की बिक्री पर बैन